img

नई दिल्ली। प्रयागराज में चल रहे महाकुंभ में मौनी अमावस्या पर हुई भगदड़ मामले में सोमवार को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई हुई। शीर्ष अदालत ने भगदड़ की घटना को दुर्भाग्यपूर्ण बताया लेकिन मामले पर सुनवाई करने से इनकार कर दिया। साथ ही​ याचिकाकर्ता को इलाहाबाद हाईकोर्ट जाने निर्देश दिया।

सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण घटना है। यह वाकई चिंता का विषय है, लेकिन इलाहाबाद हाई कोर्ट में पहले से ही इस मसले को लेकर याचिका लंबित है। इसलिए याचिकाकर्ता वहीं जाकर अपनी बात रख सकते हैं। सुनवाई के दौरान यूपी सरकार की ओर से बताया गया कि सरकार ने जांच के लिए न्यायिक आयोग का गठन कर दिया है।

बता दें कि  महाकुंभ में भगदड़ को लेकर वकील विशाल तिवारी ने जनहित याचिका दाखिल की थी। इसमें देशभर में श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए दिशा-निर्देश देने और नियमों का पालन कराने की मांग की गई थी।

मौनी अमावस्या पर 28/29 जनवरी की रात करीब डेढ़ बजे संगम नोज पर भगदड़ मच गई थी। भीड़ ने लोगों को कुचल दिया था। सरकार के मुताबिक, 30 लोगों की मौत हुई और 60 घायल हो गए थे।


Read More: यूपी के मऊ में दर्दनाक हादसा, दूसरी लेन में घुसी स्कॉर्पियो, ट्रेलर से टकराई, 5 की मौत