तेहरान। ईरान के सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई ने मंगलवार को कहा कि मध्य-पूर्व के देश अब अमेरिकी ठिकानों के लिए ढाल का काम नहीं करेंगे। खामेनेई ने हज यात्रा शुरू होने पर जारी लिखित संबोधन में खाड़ी क्षेत्र और पूरी दुनिया के लिए उभर रही एक नई व्यवस्था का भी जिक्र किया है।
सीएनएन की रिपोर्ट के अनुसार सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई ने कहा, "अमेरिका के लिए अब न केवल इस क्षेत्र में सैन्य अड्डे स्थापित करने के लिए कोई सुरक्षित पनाहगाह होगी, बल्कि इसकी दबदबे वाली हैसियत खत्म हो जाएगी।"
उन्होंने कहा कि इजराइल का अस्तित्व खतरे में है। अपने पिता अली खामेनेई की हत्या के बाद ईरान के नए सर्वोच्च नेता घोषित किए जाने के 10 सप्ताह से भी अधिक समय बीत जाने के बाद ईरानियों ने खामेनेई को न तो देखा है और न ही सुना है। यह जरूर है कि उन्होंने कई लिखित संदेश जारी किए हैं।
खामेनेई का यह संदेश ऐसे समय पर आया है, जब अमेरिका और ईरान एक समझौते के लिए आगे बढ़ रहे हैं। यह भी महत्वपूर्ण है कि इस वर्ष का हज ऐसे समय हो रहा है, जब अमेरिका और इजराइल का ईरान के साथ टकराव चल रहा है। इसने खाड़ी के कई देशों को अपनी चपेट में ले लिया है। इससे दुनिया के सामने ऐतिहासिक ऊर्जा संकट पैदा हो गया है। (हि.स.)
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