नई दिल्ली। पूरी दुनिया पर एक बार फिर कोरोना वायरस (corona virus) का खतरा मंडराने लगा है। ऐसा हम नहीं कह रहे बल्कि विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) कह रहा है। डब्ल्यूएचओ ने जानकारी दी है कि वे बड़ी संख्या में उत्परिवर्तन (म्यूटेशन) के साथ कोविड-19 का एक नया संस्करण खोजने के बाद शोध कर रहे हैं.
WHO ने कहा कि बहुत कम देशों में ऐसे मामले सामने आए हैं. उदाहरण के तौर पर इजराइल, डेनमार्क और अमेरिका में इसके मामले सामने आ चुके हैं. इस वेरिएंट का नाम BA.2.86 है. तनाव और प्रसार की सीमा को समझने के लिए डेटा एकत्र किया जा रहा है. यह वैरिएंट पहली बार 24 जुलाई को रिपोर्ट किया गया था.
इन देशों में पाए गए वेरिएंट
WHO ने जानकारी देते हुए कहा कि इस वायरस की गतिविधि पर नजर रखी गई है. अमेरिका की सीडीसी प्रवक्ता कैथलीन कॉनली ने कहा कि हम पहली तुलना में नए वेरिएंट का आसानी से पता लगा सकते हैं. अब कोरोना वायरस के नए वेरिएंट का पता चला है, ये बेहद तेजी से म्यूटेशन कर रहा है. इससे अधिक संक्रमण और जोखिम हो सकते हैं। उन्होंने बताया कि यह वायरस डेनमार्क, इजराइल और संयुक्त राज्य अमेरिका में पाया गया है.
तेजी से बढ़ रहा है संक्रमण
ह्यूस्टन मेथोडिस्ट में डायग्नोस्टिक माइक्रोबायोलॉजी के मेडिकल डायरेक्टर डॉ. एस वेस्ले लॉन्ग ने बताया कि ओमीक्रॉन सब-वेरिएंट BA.2.86 पूर्व के 36 वेरिएंट में से एक है. उन्होंने बताया कि संक्रमण काफी बढ़ रहा है लेकिन चिंता की कोई बात नहीं है. क्योंकि पहले के बूस्टर इसे रोकने में मदद करेंगे.
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