धर्म डेस्क। Ganesh Murti Sthapana Shubh Muhurat: हर साल भाद्रपद महीने की शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि को गणेश उत्सव बड़े ही उत्साह से मनाया जाता है। शनिवार से शुरूकर होकर 17 सितंबर 2024 मंगलवार तक पूरे 10 दिनों तक चलने वाले इस पर्व में भगवान गणेश की मूर्ति स्थापना से लेकर विसर्जन करने तक की परंपरा रही है। आज हम आप को बताने जा रहे हैं भगवान गणपति की प्रतिमा की स्थापना का शुभ मुहूर्त ।
इस बार गणपति स्थापना पर सुमुख नाम का शुभ योग बन रहा है। इसके साथ पारिजात, बुधादित्य और सर्वार्थसिद्धि योग बन रहे हैं। ज्योतिषियों का मानना है कि इस चतुर्महा योग में गणपति स्थापना का शुभ फल और बढ़ जाएगा।
शुभ मुहूर्त
उदयातिथि के अनुसार, गणेश चतुर्थी के दिन यानि 7 सितंबर को गणेश जी की मूर्ति स्थापना की जाएगी. पंचांग के अनुसार. मूर्ति स्थापना का शुभ मुहूर्त सुबह 11 बजकर 4 मिनट से दोपहर 1 बजकर 34 मिनट तक रहेगा. इसके अनुसार मूर्ति स्थापना के लिए कुल 2 घंटे 30 मिनट का समय रहेगा.
गणेश मूर्ति स्थापना के नियम
1-गणेश उत्सव के दौरान गणेश जी की मूर्ति के सामने रोजाना सुबह शाम दीपक जलाएं और पूजा करें.
2-गणेश जी जितने दिन आपके घर में या चौक चौराहों पर रखते हैं तो कम से कम दिन में तीन बार भोग लगाएं.
3-गणपति बप्पा को आप अपने घर में स्थापित करते हैं तो सात्विक भोजन करें.
4-गणेश चतुर्थी के दिन पूजा करें और व्रत करें.
5-भगवान गणेश को मोदक का भोग जरूर लगाए.
6-गणेश जी की मूर्ति सही दिशा देखकर स्थापित करें और रोजाना उसे स्थान को गंगाजल से पवित्र करें.
7-गणेश जी की पूजा में साफ सफाई और पवित्रता का खास ध्यान रखें.
गणेश चतुर्थी का महत्व
भगवान गणेश को सभी प्रकार के विघ्नों को दूर करने वाले माना जाता है। इस दिन उनकी पूजा करने से सभी बाधाएं दूर होती हैं और जीवन में सफलता मिलती है। गणेश चतुर्थी को नए कार्यों की शुरुआत करने के लिए शुभ माना जाता है। भगवान गणेश को ज्ञान और बुद्धि के देवता माना जाता है। इस दिन उनकी पूजा करने से बुद्धि में वृद्धि होती है। गणेश चतुर्थी के दिन भगवान गणेश से सुख-समृद्धि की कामना की जाती है। यह पर्व लोगों को एक साथ लाता है और सामाजिक एकता को बढ़ावा देता है। गणेश चतुर्थी के पीछे कई पौराणिक कथाएं जुड़ी हुई हैं जो इस पर्व को और अधिक महत्वपूर्ण बनाती हैं।




