साहित्य का नोबेल पुरस्कार Abdulrazak Gurnah को , लेखनी से बयां किया शरणार्थियों का दर्द

साहित्य के लिए नोबेल पुरस्कार  (Nobel Prize 2021 In Literature) का ऐलान हो गया। साल 2021 का यह पुरस्कार उपन्यासकार अब्दुलरजाक गुरनाह (Abdulrazak Gurnah) को दिया गया है।
 
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Nobel Prize 2021 In Literature- Abdulrazak Gurnah 

स्टॉहोम। साहित्य के लिए नोबेल पुरस्कार  (Nobel Prize 2021 In Literature) का ऐलान हो गया। साल 2021 का यह पुरस्कार तंजानियाई लेखक अब्दुलरजाक गुरनाह (Abdulrazak Gurnah)को दिया गया है। अब्दुलराजक गुरनाह ने अपनी लेखनी के जरिए उपनिवेशवाद के प्रभावों, संस्कृतियों को लेकर काफी कुछ लिखा है। उन्होंने शरणार्थियों के भाग्य का निर्धारण करने के लिए अपनी अडिग और करुणामय लेखनी के माध्यम से दुनिया के दिलों में प्रेम पैदा किया है।

जानकारी के मुताबिक साहित्य में नोबेल प्राइज विनर अब्दुलरजाक गुरनाह (Abdulrazak Gurnah) ने दस उपन्यास और ढेर सारी लघु कथाएं प्रकाशित की हैं। उनकी लेखनी में शरणार्थी की समस्याएं प्रधान रही हैं। अब्दुलरजाक गुरनाह (Abdulrazak Gurnah) ने इंग्लिश में 21 वर्ष की उम्र से लिखना शुरू किया, हालांकि शुरुआत में उनकी लिखने की कला सवालों के घेरे में थी। बाद में अब्दुल ने इंग्लिश को अपनी लेखनी का माध्यम बना लिया।

आपको बता दें कि अब्दुलरजाक गुरनाह (Abdulrazak Gurnah) का जन्म सन् 1948 में तंजानिया में हुआ था।। वे जांजीबार द्वीप पर पले-बढ़े किंतु 1960 के दशक के आखिर में एक शरणार्थी के रूप में इंग्लैंड पहुंचे। संन्यास के पहले तक वे केंट यूनिवर्सिटी, कैंटरबरी में इंग्लिश और उत्तर औपनिवेशिक साहित्य के प्रोफेसर थे।