बाइडेन ने लगाई चीन को मिर्ची, शिखर सम्मेलन के लिए ताइवान को न्यौता, ड्रैगन और तुर्की की नो एंट्री

अमेरिका में लोकतंत्र को लेकर दिसंबर माह में आयोजित होने वाले शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए भारत और पाकिस्तान समेत 110 देशों को आमंत्रित किया गया है। आमंत्रित देशों में लिस्ट में सबसे चौंकाने वाला नाम ताइवान का है जबकि इसमें चीन और तुर्की का नाम नहीं है। 
 
Taiwan in, China and Turkey out in meeting with Biden
बाइडेन संग मीटिंग से चीन आउट

वाशिंगटन। अमेरिका में लोकतंत्र को लेकर दिसंबर माह में आयोजित होने वाले शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए भारत और पाकिस्तान समेत 110 देशों को आमंत्रित किया गया है। आमंत्रित देशों में लिस्ट में सबसे चौंकाने वाला नाम ताइवान का है जबकि इसमें चीन और तुर्की का नाम नहीं है। 

बता दें कि इस कदम से बीजिंग नाराज हो सकता है। दूसरी तरफ तुर्की, जो अमेरिका की तरह ही नाटो का सदस्य है, भी प्रतिभागियों की लिस्ट से गायब है।

मध्य पूर्व के देशों में, 9-10 दिसंबर को होने वाले ऑनलाइन सम्मेलन में केवल इज़राइल और इराक होंगे।

अमेरिका के पारंपरिक अरब सहयोगियों - मिस्र, सऊदी अरब, जॉर्डन, कतर और संयुक्त अरब अमीरात को आमंत्रित नहीं किया गया है।

अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन  ने ब्राजील को आमंत्रित किया है, भले ही इसके राष्ट्रपति, जायर बोल्सोनारो की आलोचना की गई थी कि वे एक सत्तावादी झुकाव रखते थे और डोनाल्ड ट्रम्प के दृढ़ समर्थक थे।

यूरोप में, पोलैंड को अपने मानवाधिकार रिकॉर्ड पर यूरोपीय संघ के साथ लगातार तनाव के बावजूद शिखर सम्मेलन में आमंत्रित किया गया है। जबकि कट्टरपंथी राष्ट्रवादी प्रधान मंत्री विक्टर ओरबान के नेतृत्व में हंगरी को आमंत्रित नहीं किया गया है।

अफ्रीका में, कांगो लोकतांत्रिक गणराज्य, दक्षिण अफ्रीका, नाइजीरिया और नाइजर का नाम लॉस्ट में शामिल है।