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योगी कैबिनेट का फैसला, यूपी में बनेगा पहला तैरता सोलर पावर प्लांट, इन प्रस्तावों पर भी लगी मुहर

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लखनऊ। उत्तर प्रदेश की भाजपा सरकार ने सोनभद्र स्थित रिहन्द जलाशय में सूबे का पहला और देश का सबसे बड़ा तैरता सोलर पावर प्लांट बनाने का निर्णय लिया है। राज्य सरकार के इस फैसले को योगी कैबिनेट ने भी मंगलवार को अपनी मंजूरी दे दी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में लोकभवन में आज कैबिनेट की बैठक हुई, जिसमें सरकार के कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूर किया गया।
बैठक के बाद योगी सरकार के प्रवक्ता और प्रदेश के ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने बताया कि सोनभद्र जिले के रिहन्द जलाशय में प्रस्तावित फ्लोटिंग सोलर पॉवर प्लांट से 150 मेगा वाट विद्युत का उत्पादन होगा। मंत्री ने बताया कि इस पॉवर प्लांट के निर्माण में 750 करोड़ रुपये का निवेश निजी कंपनिया करेंगी। उन्होंने बताया कि इसके लिए दो कंपनियों का चयन भी कर लिया गया है। गुड़गांव की रेनू सोलर पावर कंपनी 100 मेगावाट का प्लांट लगायेगी, जबकि मुम्बई की एक कंपनी 50 मेगावाट का प्लांट स्थापित करेगी। श्रीकांत शर्मा ने बताया कि इस 150 मेगावाट के फ्लोटिंग पॉवर प्लांट से उत्पन्न प्रदूषण रहित बिजली को उप्र पॉवर कारपोरेशन द्वारा आगामी 25 वर्षों तक 3.36 रुपये प्रति यूनिट की दर से खरीदा जायेगा और उसे उपभोक्ताओं को सस्ते दर पर दिया जायेगा। उन्होंने बताया कि यह पावर प्लांट देश का सबसे बड़ा और उत्तर प्रदेश का पहला फ्लोटिंग पॉवर प्लांट होगा। वहां दिन में सोलर और रात में हाइड्रो के इस्तेमाल से बिजली बनेगी। उन्होंने बताया कि यह परियोजना 21 महीने में पूरी हो जायेगी।

निराश्रित गोवंश सहभागिता योजना

योगी कैबिनेट ने आज की बैठक में मुख्यमंत्री निराश्रित गोवंश सहभागिता योजना को भी मंजूरी दी। मंत्री श्रीकांत शर्मा ने बताया कि इस योजना के तहत कोई भी इच्छुक व्यक्ति निराश्रित गोवंश का पालन कर सकता है। उन्होंने बताया कि बेसहारा गोवंश के पालन के लिए राज्य सरकार की तरफ से प्रति गोवंश एक दिन का 30 रुपये खर्च दिया जायेगा। यह पैसा प्रति तीसरे मास गोवंश पालक के खाते में पहुंच जायेगा।
मंत्री ने बताया कि सरकार इस खर्च को कुछ समय बाद मासिक तौर पर देने पर भी विचार कर रही है। उन्होंने बताया कि 2012 की पशुगणना के अनुसार इस समय प्रदेश में 205.66 लाख गोवंश हैं, जिनमें करीब 10 से 12 लाख निराश्रित गोवंश हैं। उन्होंने बताया कि प्रथम चरण में एक लाख गोवंश को सुपुर्द करने का प्रस्ताव है। इसमें 109.50 करोड़ रुपये के खर्च का अनुमान है। सरकार के प्रवक्ता ने आगे बताया कि जिलाधिकारी और पशु चिकित्सा अधिकारी इस योजना की मॉनिटरिंग करेंगे।

इलेक्ट्रिक वाहनों को प्रोत्साहन देने की नीति को मंजूरी

योगी कैबिनेट ने राज्य सरकार द्वारा प्रदेश में इलेक्ट्रिक वाहनों को प्रोत्साहन देने की नीति को भी हरी झंडी दे दी है। सरकार के दूसरे प्रवक्ता सिद्धार्थनाथ सिंह ने बताया कि इस नीति के तहत उप्र में इलेक्ट्रिक वाहनों के निर्माण को भी प्रोत्साहित किया जायेगा। साथ ही उपभोक्ताओं को इलेक्ट्रिक वाहन उपयोग करने के लिए प्रोत्साहित किया जायेगा। उन्होंने कहा कि सरकार को उम्मीद है कि इस क्षेत्र में प्रदेश के अंदर करीब 40 हजार करोड़ रुपये का निवेश होगा और 50 हजार लोगों को रोजगार मिलेगा। उन्होंने बताया कि प्रथम चरण में प्रदेश में दस हजार इलेक्ट्रिक बसों के निर्माण की योजना है। उपभोक्ताओं की सुविधा के मद्देनजर इन वाहनों को चार्ज करने के लिए प्रदेश भर में दो लाख चार्जिंग स्टेशन भी बनाये जायेंगे।

अन्य महत्वपूर्ण फैसले

इसके अलावा योगी कैबिनेट ने आज की बैठक में सहारनपुर मंडल में आयुक्त कार्यालय के निर्माण के लिये ग्राम विकास विभाग की जमीन देने के निर्णय पर मुहर लगाई। कैबिनेट ने आरटीआई नियमावली में संशोधन का प्रस्ताव भी पारित किया। इस संसोधन के तहत केवल फाइल के सम्बन्ध में ही सूचना दी जायेगी। इसी तरह नोएडा में इलेक्ट्रॉनिक मैनुफेक्चरिंग क्लस्टर के लिये यूपीडेस्को को दी गई धनराशि का 6.99 करोड़ रुपया का ब्याज माफ किया गया।

अनुच्छेद 370 को लेकर मोदी और शाह को दी गयी बधाई

मंत्री श्रीकांत शर्मा ने बताया कि आज की कैबिनेट बैठक में जम्मू कश्मीर से अनुच्छेद 370 खत्म किये जाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह को बधाई का प्रस्ताव भी पारित किया गया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने केंद्र सरकार के इस निर्णय को साहसिक और ऐतिहासिक बताया। मुख्यमंत्री ने कहा कि पांच अगस्त का दिन भारत के इतिहास का स्वर्णिम दिन है। https://kanvkanv.com

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