संविधान दिवस का विपक्ष ने किया बहिष्कार तो PM मोदी ने किया पलटवार

संविधान दिवस के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज सेंट्रल हॉल में अपना संबोधन दिया। उन्होंने अपने भाषण की शुरुआत राष्ट्रपित महात्मा गांधी और बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर को श्रद्धांजलि देते हुए की। इस मौके पर विपक्षी पार्टी के शामिल नहीं होने पर प्रधानमंत्री ने निशाना साधा। 
 
 Constitution Day- PM Modi
संविधान दिवस- PM मोदी

नई दिल्ली। संविधान दिवस के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज सेंट्रल हॉल में अपना संबोधन दिया। उन्होंने अपने भाषण की शुरुआत राष्ट्रपित महात्मा गांधी और बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर को श्रद्धांजलि देते हुए की। इस मौके पर विपक्षी पार्टी के शामिल नहीं होने पर प्रधानमंत्री ने निशाना साधा। 

प्रधानमंत्री मोदी ने पारिवारिक पार्टियां कहकर कांग्रेस और अन्य विपक्षी पार्टियों पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि  कई दल अपना लोकतात्रिक चरित्र खो चुके हैं। पीएम मोदी ने कहा, ''भारत एक ऐसे संकट की ओर बढ़ रहा है, जो संविधान को समर्पित लोगों के लिए चिंता का विषय है, लोकतंत्र के प्रति आस्था रखने वालों के लिए चिंता का विषय है और वो है पारिवारिक पार्टियां।'' 

मोदी ने कहा, 'योग्यता के आधार पर एक परिवार से एक से अधिक लोग जाएं, इससे पार्टी परिवारवादी नहीं बन जाती है। लेकिन एक पार्टी पीढ़ी दर पीढ़ी राजनीति में है।'

कार्यक्रम में प्रधानमंत्री मोदी ने मुद्दा भ्रष्टाचार का उठाया। उन्होंने कहा, 'क्या हमारा संविधान इसकी इजाजत देता है। कानून है, व्यवस्था है, लेकिन समस्या तब होती है जब भ्रष्टाचार के लिए किसी को न्यायपालिका ने सजा दे दी हो और राजनीति के कारण उनका महिमामंडन चलता रहे। जब राजनीतिक लाभ के लिए लोकलाज छोड़कर, मर्यादा छोड़कर उनका साथ दिया जाता है, तो लोगों को लगता है कि भ्रष्टाचार की प्राण प्रतिष्ठा हो रही है। उन्हें भी लगता है कि भ्रष्टाचार में चलना गलत नहीं है। भ्रष्टाचार के कारण गुनाह सिद्ध हुआ है तो सुधरने का मौका दिया जाए, लेकिन सार्वजनिक जीवन में प्रतिष्ठा देने की प्रतिस्पर्धा चल रही है, वह नए लोगों को लूटने के रास्ते पर जाने के लिए प्रेरित करती है।'