ओमिक्रॉन खतरे के बीच उत्तराखंड सरकार ने जारी की नई गाइडलाइन, जानिए क्या होंगी पाबंदियां

कोरोना के ओमिक्रॉन वैरिएंट के बढ़ते मामले को लेकर उत्तराखंड सरकार सख्त हो गई है। इसके लिए मुख्य सचिव की ओर से ओमिक्रॉन से बचाव के लिए पूरी एहतियात बरतने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही मुख्य सचिव ने आमजन में कोरोना अनुरूप व्यवहार और मास्क पहनने के प्रति जनजागरुकता के लिए लगातार अभियान चलाए जाने पर जोर दिया है।
 
New variant of Corona found in South Africa
ओमिक्रॉन वैरिएंट:उत्तराखंड सरकार ने जारी की नई गाइडलाइन

देहरादून। कोरोना के ओमिक्रॉन वैरिएंट के बढ़ते मामले को लेकर उत्तराखंड सरकार सख्त हो गई है। इसके लिए मुख्य सचिव की ओर से ओमिक्रॉन से बचाव के लिए पूरी एहतियात बरतने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही मुख्य सचिव ने आमजन में कोरोना अनुरूप व्यवहार और मास्क पहनने के प्रति जनजागरुकता के लिए लगातार अभियान चलाए जाने पर जोर दिया है।

मुख्य सचिव डॉ. एस.एस. संधु ने सभी जिलाधिकारियों को कोरोना के मामलों में बढ़ोतरी और ओमिक्रोन वेरिएंट के खतरे को देखते हुए बचाव और सुरक्षा के लिए विशेष कदम उठाए जाने के निर्देश जारी किए हैं। मुख्य सचिव ने स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय की ओर से जारी निर्देशों के क्रम में जिलाधिकारियों को रोकथाम के उपाय एवं प्रतिबंधों का अनुपालन करने के लिए निर्देश दिए हैं।

उन्होंने कहा कि सभी जनपदों की ओर से मामलों पर लगातार नजर बनाए रखते हुए स्थानीय परिस्थितियों जैसे जनसंख्या और इसके घनत्व के अनुरूप ओमिक्रोन को फैलने से रोकने के लिए कंटेनमेंट जोन और प्रतिबंध लगाए जाएं।

मुख्य सचिव ने सभी जिलाधिकारियों को कंटेनमेंट जोन, टेस्टिंग, ट्रैकिंग, आइसोलेशन, सर्विलांस, पर्याप्त क्लीनिकल प्रबंधन, टीकाकरण और कोरोना अनुकूल व्यवहार के अनुपालन की कार्रवाई सुनिश्चित किए जाने के निर्देश दिए हैं।

उन्होंने कोरोना की लगातार निगरानी रखते हुए केसों के बढ़ने पर नाइट कर्फ्यू, अधिक भीड़ एकत्र होने पर प्रतिबंध, विवाह और अंत्येष्टि में संख्या कम करना, कार्यालयों, उद्योगों और सार्वजनिक परिवहन में संख्या सीमित करने जैसे कदम उठाए जाने के निर्देश दिए हैं। कंटेनमेंट जोन, बफर जोन आदि का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित कराने को कहा है।

मुख्य सचिव ने कोरोना टेस्टिंग आईसीएमआर और स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय की गाइडलाइन के अनुरूप कराए जाने के साथ ही, डोर टू डोर केस सर्च और जीनोम सीक्वेंसिंग के लिए सैंपल शीघ्र से शीघ्र भेजे जाने पर भी जोर दिया है। उन्होंने कोरोना पॉजिटिव लोगों की कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग और आईसीएमआर की गाइडलाइन के अनुरूप टेस्टिंग कराए जाने के निर्देश दिए हैं।

उन्होंने कहा कि विदेशों से आए यात्रियों की सैंपलिंग और मॉनिटरिंग को प्राथमिकता के साथ किया जाए। जनपद स्तरीय कंट्रोल रूम और उनके नंबरों को एक्टिव मोड में रखा जाए। साथ ही, पर्याप्त संख्या में आइसोलेशन बेड, ऑक्सीजन बेड और आईसीयू बेड की उपलब्धता के साथ ही कोरोना वैक्सीनेशन की 100 प्रतिशत कवरेज सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।