इस्तीफे के बाद बोले सिद्धू - हक और सच की लड़ाई आखिरी दम तक लड़ता रहूंगा,डीजीपी और एजी की नियुक्ति पर उठाए सवाल

कांग्रेस अध्यक्ष पद से इस्तीफा देकर पंजाब की सियासत में तूफान लाने वाले नवजोत सिंह सिद्धू का पहला बयान सामने आया है। सिद्धू ने अपने एक वीडियो संदेश में कहा है कि वह आखिरी दम तक हक और सच की लड़ाई लड़ते रहेंगे। 
 
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नवजोत सिंह सिद्धू

चंडीगढ़। कांग्रेस अध्यक्ष पद से इस्तीफा देकर पंजाब की सियासत में तूफान लाने वाले नवजोत सिंह सिद्धू का पहला बयान सामने आया है। सिद्धू ने अपने एक वीडियो संदेश में कहा है कि वह आखिरी दम तक हक और सच की लड़ाई लड़ते रहेंगे। 

सिद्धू के निशाने पर कार्यकारी डीजीपी इकबाल प्रीत सहोता और एडवोकेट एपीएस देयोल रहे। उन्होंने कहा कि 6 साल पहले जिन्होंने बादलों को क्लीन चिट दी। उन्हें इंसाफ का जिम्मा सौंपा गया है।  सिद्धू ने कहा कि मैंने कांग्रेस हाईकमान को न गुमराह किया और न होने दूंगा। इन लोगों को लाकर सिस्टम नहीं बदला जा सकता। जिन लोगों ने ड्रग तस्करों को सुरक्षा कवच दिया। उन्हें पहरेदार नहीं बनाया जा सकता। सीधे तौर पर नए मंत्रियों को लेकर यह बात कही गई। सिद्धू ने कहा कि मैं अडूंगा और लडूंगा। कोई पद जाता है तो जाए।

बता दें कि नवजोत सिंह सिद्धू ने मंगलवार दोपहर पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष पद से इस्तीफा दिया था। इसके कुछ देर बाद कोषाध्यक्ष गुलजार इंदर चहल ने भी इस्तीफा दे दिया। इसके बाद सिद्धू के रणनीतिक सलाहकार पूर्व डीजीपी मुहम्मद मुस्तफा की पत्नी और कैबिनेट मंत्री रजिया सुल्ताना ने भी मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया। थोड़ी देर बाद महासचिव योगेंद्र ढींगरा ने भी इस्तीफा दे दिया। इसके बाद परगट सिंह के इस्तीफे की अफवाह उड़ी, लेकिन उन्होंने इसे खारिज कर दिया।