Yes Bank संकट पर बोली कांग्रेस- पहले 15 लाख फिर पकौड़ा, अब ले लो ताला, ये है BJP की हकीकत

नई दिल्ली. Yes Bank पर आए संकट पर कांग्रेस नेता जयवीर शेरगिल ने मोदी सरकार पर निशाना साधा है। शेरगिल ने अपने ट्वीट में कहा कि बैंकों की खराब स्थिति के लिए भाजपा सरकार की ‘पकोड़ानॉमिक्स’ को धन्यवाद, जो भारत को ‘आर्थिक मंदी’ की राजधानी बनाने की दिशा में काम रही है। उन्होंने पूछा, कितने बैंक कंगाल होंगे? कितने उद्योग अभी और बंद होंगे।

वित्तमंत्री के इस्तीफे से पहले अभी कितनी और बेरोजगारी फैलेगी? एक दूसरे ट्वीट में कांग्रेस नेता लिखा, भाजपा के पिछले 6 साल के नारों की हकीकत-2014 : 15 लाख ले लो (सभी के लिए), 2018 : पकौड़ा ले लो (बेरोजगारों के लिए), 2020 : ताला ले लो (बैंक और उद्योगों के लिए)। उन्होंने आगे लिखा भजपा की गलत वित्तीय नीतियों के चलते भारत के लोग अपने जेब से भुगत रहे हैं।

गौरतलब है कि निजी क्षेत्र का Yes Bank इस समय नगदी के भारी संकट के जूझ रहा है। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (आरबीआई) ने नकदी संकट से जूझ रहे Yes Bank से निकासी की सीमा तय कर दी है। आरबीआई के इस आदेश के बाद अब ग्राहक 50 हजार रुपए से ज्यादा नहीं निकाल सकेंगे। आरबीआई के अनुसार फिलहाल यह रोक 5 मार्च से 3 अप्रैल तक लगी रहेगी। भारतीय रिजर्व बैंक ने Yes Bank के निदेशक मंडल को भी भंग करते हुए उसपर प्रशासक नियुक्त कर दिया है। आरबीआई ने बैंक के जमाकर्ताओं पर निकासी की सीमा सहित इस बैंक के कारोबार पर कई तरह की पाबंदिया भी लगा दी हैं।

केंद्रीय बैंक ने अगले आदेश तक बैंक के ग्राहकों के लिए निकासी की सीमा 50,000 रुपए तय की है। बैंक का नियंत्रण भारतीय स्टेट बैंक के नेतृत्व में वित्तीय संस्थानों के एक समूह के हाथ में देने की तैयारी की गई है। आरबीआई ने देर शाम जारी बयान में बताया कि एस बैंक के निदेशक मंडल को तत्काल प्रभाव से भंग कर दिया गया है। एसबीआई के पूर्व मुख्य वित्त अधिकारी (सीएफओ) प्रशांत कुमार को Yes Bank का प्रशासक नियुक्त किया गया है।